गढ़वा: गढ़वा जिले में आदिवासी बुजुर्ग रतन लकड़ा की मौत के मामले ने तूल पकड़ लिया है। झारखंड ग्रामीण बैंक पर ई-केवाईसी और पेंशन भुगतान में कथित लापरवाही के आरोपों के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मामले का संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन को तत्काल जांच कर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।

बताया जा रहा है कि बढ़गढ़ थाना क्षेत्र के रहने वाले रतन लकड़ा को कथित तौर पर ई-केवाईसी के लिए कई महीनों तक बैंक के चक्कर लगाने पड़े। परिजनों का आरोप है कि ई-केवाईसी पूरी होने के बाद भी इलाज के लिए आवश्यक पेंशन राशि समय पर नहीं मिल सकी, जिससे उनका इलाज प्रभावित हुआ और बाद में उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने बैंक के बाहर शव रखकर प्रदर्शन किया और संबंधित बैंक कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। मामला सामने आने के बाद मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से गढ़वा उपायुक्त को जांच के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद गढ़वा उपायुक्त ने एसडीएम और लीड बैंक मैनेजर (LDM) की टीम गठित कर मामले की जांच शुरू करा दी है। प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों को 24 घंटे के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है।
उपायुक्त ने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है। यदि जांच में किसी भी स्तर पर लापरवाही या दोष सामने आता है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल जिला प्रशासन की जांच जारी है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।