रांची: 14वीं झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) संयुक्त असैनिक सेवा प्रारंभिक परीक्षा (PT) के परिणाम को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। मंगलवार को भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) ने रांची स्थित JPSC कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन करते हुए परिणाम रद्द करने और पूरे मामले की CBI जांच कराने की मांग उठाई।

भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष शशांक राज के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और अभ्यर्थी शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने आयोग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि परीक्षा परिणाम जारी करने की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी नहीं रही, जिससे हजारों अभ्यर्थियों में असंतोष है।
शशांक राज ने कहा कि आयोग ने परिणाम तो जारी कर दिया, लेकिन अब तक कट-ऑफ अंक और अभ्यर्थियों की मार्कशीट सार्वजनिक नहीं की गई है। उनका आरोप है कि जारी मेरिट सूची पर आयोग के जिम्मेदार अधिकारियों के हस्ताक्षर भी नहीं हैं, जिससे उसकी विश्वसनीयता पर सवाल खड़े होते हैं।
उन्होंने ओएमआर मूल्यांकन और अंकों में कथित विसंगतियों का भी मुद्दा उठाया। उनका दावा है कि कुछ अभ्यर्थियों के अंकों में असामान्य अंतर देखने को मिला है, जिसकी निष्पक्ष जांच आवश्यक है। साथ ही, 832 बैकलॉग अभ्यर्थियों से जुड़ी प्रक्रिया को लेकर भी उन्होंने आयोग से जवाब मांगा।
भाजयुमो ने सरकार से पूरे मामले की CBI जांच कराने, वर्तमान पीटी परिणाम को रद्द कर पारदर्शी प्रक्रिया के तहत नया परिणाम जारी करने तथा कट-ऑफ और मार्कशीट सार्वजनिक करने की मांग की है।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल की तैनाती रही और स्थिति शांतिपूर्ण बनी रही। भाजयुमो ने चेतावनी दी कि यदि अभ्यर्थियों की शंकाओं का जल्द समाधान नहीं किया गया और सरकार ने हस्तक्षेप नहीं किया, तो आंदोलन को पूरे राज्य में और व्यापक रूप दिया जाएगा।