बेंगलुरु: भारत निर्वाचन आयोग ने कर्नाटक में मतदाता सूची के Special Intensive Revision (SIR) की समयसीमा बढ़ा दी है। नए शेड्यूल के मुताबिक, बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) का अभियान अब 17 अगस्त तक चलेगा। इसी तारीख तक पोलिंग स्टेशनों के रैशनलाइजेशन का काम भी पूरा किया जाएगा।

चुनाव आयोग के संशोधित कार्यक्रम के अनुसार 24 अगस्त को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट प्रकाशित की जाएगी। इसी दिन दावे और आपत्तियां दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू होगी, जो 23 सितंबर तक चलेगी। दावों और आपत्तियों की जांच एवं निपटारे का चरण 24 अगस्त से शुरू होकर 22 अक्टूबर तक चलेगा। इसके बाद 27 अक्टूबर को अंतिम मतदाता सूची जारी की जाएगी।
कर्नाटक CEO की मांग पर बदला गया शेड्यूल
चुनाव आयोग ने यह फैसला कर्नाटक के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) की ओर से SIR के कार्यक्रम में बदलाव के अनुरोध के बाद लिया है। ECI ने शुक्रवार को कर्नाटक CEO को पत्र भेजकर संशोधित कार्यक्रम की जानकारी दी। आयोग ने संबंधित अधिकारियों को नए कार्यक्रम की जानकारी देने और उपलब्ध मीडिया माध्यमों के जरिए संशोधित शेड्यूल का व्यापक प्रचार करने का निर्देश दिया है। राजनीतिक दलों को भी बदले हुए कार्यक्रम की जानकारी लिखित रूप से देने को कहा गया है।

5.54 करोड़ से ज्यादा वोटर्स की प्रक्रिया
कर्नाटक CEO की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, राज्य में कुल 5,54,32,314 मतदाताओं में से 1,09,83,901 यानी 19.81 प्रतिशत मतदाताओं को ASDDO श्रेणी में रखा गया है। इसमें अनुपस्थित, स्थायी रूप से स्थानांतरित, मृत, डुप्लीकेट और अन्य श्रेणियां शामिल हैं।
शुक्रवार शाम 4 बजे तक के आंकड़ों के अनुसार:
- 15,90,165 (2.87%) मतदाता अनुपस्थित/लापता पाए गए
- 66,14,954 (11.93%) मतदाता स्थायी रूप से स्थानांतरित पाए गए
- 16,34,326 (2.95%) मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है
- 6,96,536 (1.26%) मामले डुप्लीकेट/पहले से पंजीकृत होने से जुड़े हैं
- 4,47,920 (0.81%) मामले अन्य श्रेणी में हैं
बेंगलुरु में सबसे ज्यादा ASDDO मामले
आंकड़ों के मुताबिक ASDDO मामलों की सबसे बड़ी संख्या बेंगलुरु अर्बन क्षेत्र में सामने आई है। यहां 17,74,626 मामले दर्ज किए गए हैं, जो प्री-SIR सूची के कुल 40,21,039 मतदाताओं का करीब 44.13 प्रतिशत है। वहीं BBMP साउथ में 10,87,829 ASDDO मामले दर्ज किए गए हैं। यह क्षेत्र के कुल 21,44,784 मतदाताओं का करीब 50.72 प्रतिशत है।
अब तक 12 लाख से ज्यादा आवेदन
इससे पहले 6 अगस्त तक ECI को मतदाता सूची में नाम जोड़ने, स्थानांतरण, सुधार और नाम हटाने से जुड़े 12,43,012 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें नाम जोड़ने के लिए Form-6 के तहत 3,83,345 आवेदन, जबकि नाम हटाने के लिए Form-7 के तहत 31,275 आवेदन शामिल हैं।
SIR को लेकर राजनीतिक घमासान
SIR को लेकर कर्नाटक में राजनीतिक बहस भी जारी है। जहां BJP दूसरे राज्यों में SIR के समर्थन में नजर आई है, वहीं कांग्रेस इसका विरोध करती रही है। पिछले महीने कर्नाटक में JD(S) और BJP के एक प्रतिनिधिमंडल ने भी राज्य के CEO वी. अंबुक कुमार से मुलाकात कर चल रही SIR प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर शिकायत की थी।