देवघर: सावन माह की तीसरी सोमवारी पर देवघर के बाबा बैद्यनाथ धाम में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा है। सोमवार सुबह से ही मंदिर परिसर और आसपास के इलाकों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिल रही है। बाबा के दर्शन और जलार्पण के लिए रविवार देर रात से ही भक्तों की लंबी कतार लगनी शुरू हो गई थी।

इस बार की तीसरी सोमवारी को धार्मिक दृष्टि से बेहद खास माना जा रहा है। करीब 40 साल बाद ऐसा दुर्लभ संयोग बना है, जब सावन की तीसरी सोमवारी के दिन नाग पंचमी, सिंह संक्रांति और मंशा पूजा भी पड़ रही है। यही वजह है कि बाबा बैद्यनाथ की पूजा-अर्चना को लेकर श्रद्धालुओं में खास उत्साह देखने को मिल रहा है।
बोल बम और हर-हर महादेव के जयकारों से गूंजा देवघर
सुबह होते ही पूरा बाबा बैद्यनाथ धाम परिसर ‘बोल बम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयकारों से गूंज उठा। दूर-दराज से पहुंचे कांवड़िए और श्रद्धालु कतार में लगकर बाबा पर जलार्पण कर रहे हैं।
प्रशासन के अनुमान के मुताबिक तीसरी सोमवारी पर करीब चार लाख श्रद्धालु बाबा बैद्यनाथ का जलार्पण कर सकते हैं। श्रद्धालुओं की संभावित भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन और पुलिस की ओर से विशेष तैयारियां की गई हैं।

नाग पंचमी और सोमवारी का संयोग क्यों खास?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान शिव का वासुकी नाग से विशेष संबंध माना जाता है। वासुकी नाग को भगवान शिव का सेवक भी माना जाता है। ऐसे में नाग पंचमी और सोमवार का एक साथ पड़ना शिव भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है।
मान्यता है कि इस शुभ अवसर पर बाबा बैद्यनाथ को गंगाजल, दूध और बेलपत्र अर्पित करने से भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार विधि-विधान से पूजा करने से सुख-समृद्धि, संतान सुख और दीर्घायु की कामना पूरी होने की मान्यता है।
चार लाख श्रद्धालुओं को संभालना प्रशासन के लिए चुनौती
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। अतिरिक्त दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी और सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।
प्रशासन की सबसे बड़ी चुनौती लाखों श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम तरीके से जलार्पण कराना है। देवघर डीसी सौरभ भुवानिया के अनुसार श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से बाबा के दर्शन कराने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है।