झारखंड प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों, नीट परीक्षा पेपर लीक मामले और जातीय जनगणना जैसे मुद्दों को लेकर मोदी सरकार को घेरते हुए कहा कि केंद्र अपनी नाकामियों को छिपाने में जुटी हुई है।

प्रदीप यादव ने कहा कि महज पांच दिनों के भीतर दो बार पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ाए गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पांच राज्यों के चुनाव के दौरान जानबूझकर कीमतों में बढ़ोतरी नहीं की गई और अब चुनाव खत्म होते ही जनता पर महंगाई का बोझ डाला जा रहा है। कांग्रेस नेता ने कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई से आम लोग परेशान हैं, जबकि रुपया डॉलर के मुकाबले लगातार कमजोर होता जा रहा है। उन्होंने कहा कि देश का नौजवान आज हताश और निराश है।
नीट परीक्षा में पेपर लीक के मुद्दे पर कांग्रेस विधायक दल के नेता ने कहा कि यह पहली बार नहीं हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को पहले भी कई सुझाव दिए गए थे लेकिन उन सुझावों को “डस्टबिन” में फेंक दिया गया। उन्होंने कहा कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी लगातार सवालों के घेरे में है और केंद्रीय शिक्षा मंत्री पूरी तरह विफल साबित हुए हैं। उन्होंने कहा कि परीक्षा में गड़बड़ी से बच्चे अवसाद में जा रहे हैं और आत्महत्या जैसे कदम उठाने को मजबूर हो रहे हैं।
जातीय जनगणना को लेकर भी कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर सवाल उठाए। प्रदीप यादव ने कहा कि जनगणना पूरी तरह जाति आधारित होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार 33 बिंदुओं पर सवाल पूछ रही है लेकिन मकान की जाति नहीं होती, फिर 12वें सवाल में जाति का जिक्र क्यों किया गया है। कांग्रेस नेता ने कहा कि देश के विकास में सभी वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जातीय जनगणना बेहद जरूरी है। साथ ही उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरना धर्म को उसका अधिकार दिलाने के लिए भी संघर्ष जारी रखेगी।
SIR को लेकर भी कांग्रेस ने अपनी चिंता जाहिर की। प्रदीप यादव ने कहा कि मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान एक भी वोटर का नाम नहीं छूटना चाहिए और कांग्रेस इस पूरी प्रक्रिया पर बारीकी से नजर बनाए हुए है।